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माफिया अतीक बरेली में भाई अशरफ के लिए तैयार कर गया था जमीन,

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बरेली :-  जिला जेल में अशरफ का दरबार यूं हीं नहीं लगता था। साल 2019 में जिला जेल में रहने के दौरान माफिया अतीक अहमद ने पूरा नेटवर्क तैयार किया। महज चार माह में ही अतीक की जेल में तूती बोलने लगी। उसके इशारे पर ही हर काम होते। उसके गुर्गे जिला जेल में सक्रिय हो गए। तत्कालीन जेल अधिकारी व कर्मचारी अतीक के रसूख के आगे नतमस्तक थे।अरशफ ने पहले द‍िन से ज‍िला जेल में लगाया था अपना दरबार।
अंदरखाने शिकायत शासन तक पहुंची तो चार माह के भीतर ही अतीक को जिला जेल से नैनी जेल प्रयागराज स्थानांतरित कर दिया गया। इधर, नैनी जेल से अशरफ बरेली जेल आ गया। फिर क्या था? अपना रसूख कायम करने में अशरफ को एक दिन भी नहीं लगे और पहले दिन से ही वह जिला जेल में दरबार लगाने लगा। पुलिस की जांच में इन बिंदुओं के सामने आने के बाद जिला जेल में बीते चार साल में तैनात रहे जेल अफसर भी जांच के घेरे में आ गए हैं। पुलिस कड़ियां जोड़ रही हैं। जल्द ही उनसे पूछताछ की तैयारी है।बता दें कि अतीक अहमद एक जनवरी 2019 को जिला जेल देवरिया से प्रशासनिक आधार पर जिला जेल बरेली स्थानांतरित हुआ था। 19 अप्रैल 2019 को फिर प्रशासनिक आधार पर नैनी जेल प्रयागराज भेज दिया गया। इधर, नैनी जेल प्रयागराज में बंद अतीक का भाई खालिद अजीम उर्फ अशरफ 11 जुलाई 2020 को प्रशासनिक आधार पर जिला जेल बरेली आया था।

प्रयागराज हत्याकांड का पहले दिन से ही बरेली कनेक्शन सामने आया था। जैसे-जैसे जांच आगे बढ़ी, उस पर मुहर लगती चली गई। चर्चा है कि बावजूद मामले में बरेली स्तर से जब कोई कार्रवाई नहीं हुई तो शासन से अफसरों को फटकार लगी। इसी के बाद आनन-फानन में अफसर एक्शन मोड में आए। पूरे मामले की शासन स्तर से मानीटरिंग की जा रही है। प्रकरण में रोजाना की रिपोर्ट लखनऊ भेजी जा रही है।

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